चावल, सोयाबीन और सरसों के भावों में होगी तेजी, अमरीका में भारतीय उत्पादों पर टैरिफ बढ़ने से जानें किस पर पड़ेगा सीधा असर
Kota News: हाड़ौती के किन-किन उत्पादों व उद्योगों पर सीधा असर पड़ने वाला है। इसमें सामने आया कि चावल, सोयाबीन और सरसों की कीमतों में तेजी आने की संभावना है।
Donald Trump Tariffs Update: अमरीकी राष्ट्रपति ट्रंप के भारतीय उत्पादों के आयात करने पर 26 फीसदी टैरिफ बढ़ाने का असर हाड़ौती पर भी पड़ेगा। यहां से खाड़ी देशों के साथ अमरीका में भी बासमती चावल निर्यात किया जाता है। टैरिफ बढ़ाने से आने वाले दिनों में धान (चावल) के दाम बढ़ने की संभावना जताई जा रही है। इससे किसानों को फायदा होगा। सेण्ड स्टोन का निर्यात भी इससे प्रभावित होगा। साथ ही सोयाबीन और सरसों के दामों में भी उतार-चढ़ाव का दौर रहेगा।
अमरीका के टैरिफ बढ़ाने के ऐलान के बाद पत्रिका ने कोटा के प्रमुख औद्योगिक और व्यापारिक संगठनों के पदाधिकारियों से बात कर यह पता लगाने की कोशिश की, इससे हाड़ौती के किन-किन उत्पादों व उद्योगों पर सीधा असर पड़ने वाला है। इसमें सामने आया कि चावल, सोयाबीन और सरसों की कीमतों में तेजी आने की संभावना है।
यह उत्पाद होते हैं निर्यात
हालांकि कोटा से बहुत ज्यादा कोई भी उत्पाद अमरीका निर्यात नहीं होता, लेकिन सेण्ड स्टोन, सोयाबीन डी-ऑइल केक (डीओसी), प्रीमियम क्वालिटी के ब्राउन राइस, धनिया मसाला जैसे चुनिंदा उत्पाद निर्यात होते हैं। उद्यमियों व निर्यातकों का मानना है इससे कुछ उत्पादों की बाजार में कीमतों में इजाफा होगा।
सोयाबीन के दाम बढ़ जाएंगे
डीओसी निर्यात होती है। राज्य में सबसे अधिक सोयाबीन उत्पादन हाड़ौती में होता है। इसलिए अमरीका के टैरिफ बढाने का सीधा असर आने वाला है। इससे सोयाबीन के दाम बढ़ने की संभावना है।
अविनाश राठी, अध्यक्ष कोटा ग्रेन एंड सीड्स मर्चेन्ट्स एसोसिएशन
अमरीकी टैरिफ नीति का असर सेण्ड स्टोन पर पड़ने वाला है। अंतरराष्ट्रीय उथल-पुथल के बाद सेण्ड स्टोन के मार्केट में बूम आया था। अब फिर असर पड़ेगा। निर्यात प्रभावित होने की आशंका है।
हाड़ौती से अति उच्च गुणवत्ता व पेस्टीसाइड लैस धनिया निर्यात होता है। बड़ी मात्रा में निर्यात नहीं होता, लेकिन अमरीका की इस टैरिफ नीति का असर जरूर पड़ने वाला है।
महावीर गुप्ता, महासचिव राजस्थानी स्पाइस एसोसिएशन
कृषि उत्पादों के निर्यात पर आएगा असर
अमरीका द्वारा टैरिफ बढ़ाने का हाड़ौती के उद्योगों पर व्यापक असर नहीं पड़ने वाला है। लेकिन जो कृषि उत्पादन निर्यात होते हैं, उन पर असर आएगा। सेण्ड स्टोन और केमिकल के निर्यात पर भी असर पड़ेगा।
गोविंद राम मित्तल, संस्थापक अध्यक्ष, एसएसआइ एसोसिएशन
अगले सप्ताह तक नजर आएगा असर
हाड़ौती से प्रीमियम क्वालिटी का बासमती चावल (ब्राउन राइस) अमरीका निर्यात होता है। टैरिफ बढ़ाने का असर अगले सप्ताह तक आएगा। टैरिफ बढ़ाने से उच्च दर पर निर्यात होगा, ऐसे में मंडियों से धान की खरीद भी महंगी होगी। जिससे धान के भाव बढ़ेंगे और किसानों को फायदा होगा।
नीलेश पटेल, राइस एक्सपोर्टर
Hindi News / Kota / चावल, सोयाबीन और सरसों के भावों में होगी तेजी, अमरीका में भारतीय उत्पादों पर टैरिफ बढ़ने से जानें किस पर पड़ेगा सीधा असर