राजस्थान में इस बार गर्मी तोड़ेगी पिछले सालों के रिकॉर्ड, जानें कब से पड़ेगी भयंकर गर्मी
Rajasthan Weather Update: पिछले सालों में राजस्थान में गर्मी बढ़ी है, वहीं इस साल और तेजी होने की संभावना है। जलवायु परिवर्तन के प्रभावों के कारण, तापमान में लगातार वृद्धि हो रही है, जिससे गर्मी का मौसम ज्यादा लबा और तेज हो रहा है।
Rajasthan Weather Update: राजस्थान में इस साल गर्मी पिछले कुछ सालों की तुलना में तेज रहने की संभावना है। मौसम विभाग और विशेषज्ञों का आकलन भीषण गर्मी की ओर इशारा करता है। आधे अप्रेल से जून अंत तक तेज गर्मी रहने का अनुमान है। इसी माह के अंत तक प्रदेश में तापमान 40 डिग्री से पार निकलने का अनुमान है। ऐसे में हीट वेव का असर भी महसूस हो सकता है।
विशेषज्ञों के मुताबिक पिछले सालों में राजस्थान में गर्मी बढ़ी है, वहीं इस साल और तेजी होने की संभावना है। जलवायु परिवर्तन के प्रभावों के कारण, तापमान में लगातार वृद्धि हो रही है, जिससे गर्मी का मौसम ज्यादा लबा और तेज हो रहा है। मौसम केन्द्र ने प्रदेश में पश्चिमी हवाओं का प्रभाव बढ़ने और तापमान में बढ़ोतरी होने की संभावना जताई है।
ज्योतिषीय आकलन
ज्योतिष के अनुसार हिंदू नववर्ष विक्रम संवत 2082 का राजा सूर्य होगा। जिस दिन से हिंदू नववर्ष शुरू होता है, उस दिन के स्वामी को राजा माना जाता है। सूर्य को ग्रहों का राजा माना गया है। इस साल नवसंवत्सर रविवार 30 मार्च को शुरू हुआ। रविवार का स्वामी सूर्य है।
ज्योतिषाचार्यों के अनुसार इस वर्ष का राजा और मंत्री भी सूर्य होने का संयोग 19 साल बाद बना है। सूर्य के राजा होने से वर्ष में गर्मी अधिक होने की संभावना है। तापमान में वृद्धि, लू और सूखे जैसी स्थितियां हो सकती है। इसके अलावा, सूर्य के प्रभाव से राजनीतिक क्षेत्र में भी उथल-पुथल हो सकती है। सूर्य के कारण आंखों और हृदय से संबंधित रोगों में वृद्धि संभव है। जल जनित और त्वचा संबंधी समस्याएं बढ़ सकती है।
छाएंगे बादल, फिर चढ़ेगा पारा
राजस्थान के तापमान में उतार-चढ़ाव हो रहा है। पिछले 3-4 दिन में तापमान में आई गिरावट से सुबह-शाम ठंडक महसूस हुई और अब वापस तापमान चढ़ रहा है। इसी बीच 2 और 3 अप्रेल को उदयपुर सहित प्रदेश के कुछ जिलों में बारिश होने की संभावना जताई गई है। अभी प्रदेश में सबसे ज्यादा तापमान बाड़मेर में 39.4 डिग्री है। उदयपुर का पारा भी 35 डिग्री से ऊपर बना हुआ है।
—प्रदेशभर में गर्मी के पिछले कुछ सालों के आंकड़ों को देखें तो स्थिति लगातार चिंताजनक रही है। —पिछले साल प्रदेश में गर्मी ने 6 सालों का रिकॉर्ड तोड़ा था। चूरू में तापमान 50 डिग्री से पार था।
—साल 1991 और 2016 में रिकॉर्ड तोड़ गर्मी थी, उस समय भी तापमान 48 डिग्री से पार नहीं रहा है।
सेहत का रखें ध्यान
—उच्च तापमान और उन लोगों में गर्मी से होने वाली बीमारियों के लक्षण बढ़ जाते हैं, जो लंबे समय तक धूप में रहते हैं और भारी काम करते हैं।
—कमजोर लोग, जैसे कि शिशु, बुजुर्ग, पुरानी बीमारियों वाले लोगों के लिए सेहत की चिंता बढ़ जाती है। ऐसे में गर्मी के संपर्क में आने से बचना चाहिए। —तेज गर्मी में भी बाहर निकलने की जरुरत होने पर शरीर को ठंडक देने का प्रयास करना चाहिए। पानी पीते रहना चाहिए, चाहे प्यास लगे या नहीं लगे।
—खुद को हाइड्रेट रखने के लिए ओआरएस घर में बने पेय जैसे कि लस्सी, चावल का पानी, नींबू पानी, छाछ आदि का उपयोग करना चाहिए।