श्रीलंका में कैद भारतीय मछुआरों की रिहाई की मांग
पिछले दिनों करैकाल के मछुआरों ने 500 से अधिक मछली पकडऩे वाली नावों से राष्ट्रीय ध्वज उतार दिया था, इसके बजाय उन्होंने केंद्र और राज्य सरकार के विरोध में काले झंडे लगा दिए थे। गत 27 जनवरी को तमिलनाडु के कोडियाकरै के पास स्थित करैकाल से 20 से अधिक मछुआरे एक मोटरबोट में मछली पकडऩे के लिए समुद्र में उतरे थे। इसी दौरान उनको श्रीलंकाई नौसेना की दो गश्ती नौकाओं ने घेर लिया, जिससे मछुआरे भाग गए, लेकिन एक मोटरबोट श्रीलंकाई नौसेना के हाथ लग गई। जब मछुआरे घबराकर भागने लगे, तो उन पर फायरिंग की गई। इसमें दो मछुआरे गंभीर रूप से घायल हुए, जिनमें सेंतमिज और बाबू शामिल थे।