आपको बता दें कि, 27 फरवरी से 10वीं बोर्ड परीक्षा शुरु होगी। इस साल 12वीं के एग्जाम में 7,06,475 स्टूडेंट्स और 10वीं के एग्जाम में 9,53,777 स्टूडेंट्स शामिल हो रहे हैं। प्रदेशभर में कुल 3,887 एग्जाम सेंटर बनाए गए हैं। वहीं, नकल पर सख्ती के लिए शिक्षा विभाग द्वारा नए नियम लागू किए गए हैं। एग्जाम सेंटरों में ईमानदारी की पेटी रखी गई है।
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‘ईमानदारी की पेटी’ में स्टूडेंट्स स्वेच्छा से किसी भी प्रकार की नकल सामग्री, जैसे गाइड, चिट आदि डाल सकेंगे। पेटी पर लिखा गया है कि ये पेटी स्वेच्छा से नकल सामग्री परीक्षा कक्ष में प्रवेश से पहले जमा करने के उद्देश्य से रखी गई है। वहीं, अगर कोई बच्चा परीक्षा हॉल में नकल सामग्री के साथ पकड़ा जाता है तो उसके खिलाफ परीक्षा अधिनियम के तहत कार्रवाई की जा सकती है।
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बोर्ड परीक्षाओं में नकल रोकने के लिए शिक्षा विभाग ने पुख्ता इंतजाम कर रखे हैं। जैसे.. सभी सेंसेटिव केंद्रों के आसपास उड़नदस्ते तैनात रहेंगे। ये दल सुबह 9 से 12 बजे के बीच किसी भी केंद्र पर निरीक्षण करने पहुंच जाएंगे। इनमें से ज्यादातर केंद्रों पर प्राइवेट स्कूलों के परीक्षार्थी परीक्षा दे रहे हैं। कुछ केंद्रों पर जैमर भी लगाए गए हैं।