मामले में बिजली कंपनी के अधिकारियों का कहना है कि स्मार्ट मीटर लगने से पहले और स्मार्ट मीटर लगने के बाद रीडिंग लेकर बिल जारी किए गए हैं। फिर भी शिकायत की स्थिति में उपभोक्ता कार्यालय आएं। सात दिन के अंदर-अंदर उनकी शिकायतों का निराकरण करेंगे।
पूरे महीने की रीडिंग लेकर बिल जारी किए गए हैं। फिर भी किसी उपभोक्ता को आपत्ति है तो वह अपनी शिकायत बिजली कंपनी के कार्यालय में दर्ज करा सकता है। सप्ताहभर के भीतर उसकी शिकायत का निराकरण कराएंगे।- मेहरबानसिंह सूर्यवंशी, एई, बिजली कंपनी
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केस 1: मनोहरलाल चौहान के घर का बिजली बिल 717 रुपए आया है। मनोहर ने बताया कि उनके घर के बाहर 2 फरवरी को स्मार्ट मीटर लगा। 11 फरवरी को बिजली कंपनी ने रीडिंग लेना दर्शाया। ऐसे में 18 दिन के हिसाब से बिजली बिल जनरेट किया गया है।
केस 2: जगदीश पिता बसंतीलाल का 887 रुपए बिल आया है। जगदीश के अनुसार इनके रीडिंग 119.27 रीडिंग बनी है, जो 18 दिन के मान से ही ली गई है। केस 3: सुरेश पिता लक्ष्मीनारायण का 712 रुपए का बिल आया है। जगदीश की 98.64 रीडिंग बनी है।