बस्तर संभाग के चार जिलों की बॉर्डर पर गुरुवार को दो मुठभेड़ में 30 नक्सली मारे गए, जबकि डीआरजी का एक जवान शहीद हो गया। एक महीने में छत्तीसगढ़ में यह दूसरी बड़ी मुठभेड़ है। बीजापुर में बड़े नक्सल कैडर की मौजूदगी की सूचना पर ऑपरेशन शुरू किया गया था। डीआरजी बीजापुर, डीआरजी दंतेवाड़ा, एसटीएफ और कोबरा के जवानों ने बीजापुर जिले के गंगालूर इलाके में एंड्री के जंगलों में नक्सलियों की घेराबंदी की। दोनों ओर से फायरिंग शुरू हो गई। गंगालूर में 26 नक्सली मारे गए। इलाके में सर्च ऑपरेशन जारी है। नारायणपुर और कांकेर जिले की सरहद पर दूसरी मुठभेड़ में 4 नक्सली ढेर हो गए। इस तरह बस्तर के दो अलग-अलग स्थानों पर एक ही दिन में 30 नक्सली मारे गए। बीजापुर जिले के नेशनल पार्क इलाके में 9 फरवरी को मुठभेड़ में 29 नक्सली मारे गए थे।
बीजापुर जिले में नक्सलियों के बड़े लीडर या तो खत्म हो रहे हैं या समर्पण कर रहे हैं। फरवरी में जिले के टेकमेट्टा में मुठभेड़ में नक्सलियों का बड़ा लीडर हूंगा मारा गया था। गंगालूर एरिया का खूंखार नक्सली दिनेश मोडियम आत्म समर्पण कर मुख्यधारा से जुड़ गया है। सरकार कह चुकी है कि अगले साल 31 मार्च तक बस्तर को नक्सलमुक्त कर देंगे।
कई ऑटोमेटिक हथियार मिले
गंगालूर के एंड्री में हुई मुठभेड़ में फोर्स को इंसास रायफल, 303,315 बोर के साथ 12 बोर, भरमार जैसे हथियार मिले हैं। बस्तर आइजी पी. सुंदराज ने बताया कि ऑपरेशन के दौरान नक्सलियों से ऑटोमेटिक और सेमीऑटोमेटिक हथियार बरामद हुए हैं।
तीन महीने में 10 जवान भी शहीद
तीन महीने में बस्तर से गरियाबंद तक 130 नक्सली मारे गए हैं। इस दौरान 10 जवानों की शहादत भी हुई। बीजापुर के कुटरू में 6 जनवरी को आइईडी ब्लास्ट में 8 जवान शहीद हुए थे। अबूझमाड़ के जंगलों में 4 जनवरी को मुठभेड़ में एक डीआरजी जवान शहीद हुआ था।
निर्मम रुख के साथ बढ़ रहे आगे : शाह
केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने कहा कि नक्सलमुक्त भारत अभियान की दिशा में हमारे जवानों ने एक और बड़ी सफलता हासिल की। बीजापुर और कांकेर में कई नक्सली मारे गए। मोदी सरकार नक्सलियों के विरुद्ध रूथलेस एप्रोच (निर्मम रुख) के साथ आगे बढ़ रही है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि नक्सलवाद के विरुद्ध हमारी लड़ाई मजबूती से जारी है।
Hindi News / National News / 2025 में अब तक 130 नक्सली ढेर, अमित शाह बोले- अगले साल तक देश हो जाएगा नक्सल मुक्त